भोपाल

चुनावी साल में बीजेपी अपने मैदानी कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों को विरोधी दलों से निपटने की रणनीति और केंद्र व राज्य सरकार की योजनाओं की ब्रांडिंग के लिए ट्रेंड करेगी। इन नेताओं में लीडरशिप के लिए संगठनात्मक गुर डेवलप करने के तरीके भी बताए जाएंगे। इसके साथ ही जिम्मेदार पदों पर काम कर रहे नेताओं, पदाधिकारियों से बयान के दौरान नपे तुले शब्दों का प्रयोग करने के बारे में भी नसीहत दी जाएगी। फील्ड के कार्यकर्ताओंं को टेÑनिंग देने का यह काम नवरात्र पर्व के बाद मांडव में होगा। पिछले एक माह से बारिश और त्यौहारों के कारण धीमी पड़ी बीजेपी संगठन की गतिविधियों को अब फिर तेज करने की कवायद शुरू हो गई है। संगठन ने तय किया है कि विजयादशमी पर्व के बाद प्रदेश भाजपा कार्यकर्ताओं को एक साथ टेÑंड करने के लिए मांडव में बैठक होगी। प्रशिक्षण वर्ग के नाम से होने वाला यह कार्यक्रम तीन दिन तक चलेगा और इसके सात अक्टूबर से शुरू होने की पूरी तैयारी है। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में सभी जिला अध्यक्षों, जिला और संभागीय प्रभारियों, मोर्चा प्रकोष्ठ के संयोजकों, पार्टी पदाधिकारियों को बुलाया गया है। ये सभी छह अक्टूबर को मांडव पहुंच जाएंगे और सात अक्टूबर से प्रशिक्षण वर्ग में शामिल होंगे।

इन पर होगा फोकस
प्रशिक्षण वर्ग के दौरान पार्टी में अनुशासन और सुशासन, केंद्र व राज्य सरकार की योजनाओं की ब्रांडिंंग, बूथ सशक्तिकरण, बूथ डिजिटलाइजेशन, 51 प्रतिशत वोट शेयर बढाÞने के लिए किए जाने वाले कामों पर फोकस किया जाएगा। इसके साथ ही बयान देने के दौरान नपे तुले शब्दों का प्रयोग करने के लिए भी कड़ी नसीहत दिया जाना है। पार्टी सूत्रों का कहना है कि पिछले महीनों में महीनों कुछ नेताओं के सामाजिक विद्वेष भरे बयान सामने आए हैं। इससे पार्टी की किरकिरी हुई है और ऐसे नेताओं पर संगठन को एक्शन लेना पड़ा है। इसलिए समाज विरोधी बयान से बचने पर खासतौर पर फोकस होगा।

Source : Agency