ढाका
बांग्लादेश के पंचगढ़ में रविवार को नाव पलटने से अब तक 60 की मौत हो गई। रविवार को मरने वालों की संख्या 26 थी, जो कि अब बढ़ गई है। डेली स्टार ने अतिरिक्त उपायुक्त के हवाले से बताया कि दीपांकर रॉय ने मरने वालों की संख्या की पुष्टि की है। मरने वाले लोगों में 25 महिलाएं और 13 बच्चे भी शामलि हैं। नाव में सवार होकर ये सभी लोग महालया (त्योहार) मनाने के लिए बोदेश्वरी मंदिर जा रहे थे।

डेली स्टार की रिपोर्ट के अनुसार रविवार दोपहर को मारिया यूनियन के औलिया घाट से नाव पलटने की सूचना मिली थी। पंचगढ़ के उपायुक्त जहीरुल इस्लाम ने इस घटना की पुष्टि की थी। बताया गया कि नाव पलटने के बाद गोताखोरों का एक दल बचाव और शवों की तलाश के लिए नदी में छानबीन करने में जुट गया था। इस बचाव अभियान देखने के लिए हजारों की संख्या में लोग नदी के किनारे जुट गए थे।

ओवरलोडिंग के कारण बांग्लादेश में अक्सर होती हैं नाव की दुर्घटनाएं
सुरक्षा मानकों में ढील और ओवरलोडिंग के कारण बांग्लादेश में नाव की दुर्घटनाएं अब आम हो चली हैं। बांग्लादेश दो बड़ी नदियों गंगा और ब्रह्मपुत्र नदी के निचले मार्ग पर स्थित है। यह देश कुल 230 नदियों से घिरा हुआ है। नौसेना के अधिकारियों ने कहा है कि बांग्लादेश की सैकड़ों हजारों छोटी और मध्यम आकार की नौकाओं में से 95 प्रतिशत से अधिक न्यूनतम सुरक्षा नियमों को पूरा नहीं करती हैं। बांग्लादेश में लाखों लोग राजधानी या डेल्टा देश के प्रमुख शहरों की यात्रा के लिए नावों और घाटों पर निर्भर हैं।

पिछले साल भी नाव पलटने से कई लोगों की गई थी जान
पिछले साल दिसंबर में एक यात्री नौका के एक मालवाहक जहाज से टकराने और डूबने से लगभग 37 लोग डूब गए थे। वहीं, पिछले सास नवंबर में देश के दक्षिण में भोला द्वीप के पास एक अतिभारित ट्रिपल डेकर नौका के पलट जाने से कम से कम 85 लोग डूब गए थे। एक हफ्ते बाद एक और नाव डूब गई जिसमें 46 लोगों की मौत हो गई थी। इस साल अब तक बांग्लादेश में कई छोटी नाव दुर्घटनाओं में दर्जनों लोगों की मौत हो चुकी है।

Source : Agency